पाटन में सजा तीज का भव्य दरबार, हजारों की मौजूदगी में दिखी साहू समाज की सांस्कृतिक एकजुटता

99 सामाजिक इकाइयों की सहभागिता से यादगार बना तीज मिलन समारोह, महिलाओं ने गीत-संगीत, खेल और पारंपरिक वेशभूषा से बिखेरी संस्कृति की छटा

पाटन। तहसील साहू संघ पाटन के तत्वावधान में महिला प्रकोष्ठ की संयोजिका के नेतृत्व में रविवार, 6 सितंबर 2026 को तहसील स्तरीय तीज महोत्सव एवं तीज मिलन समारोह 2026 का भव्य आयोजन हर्षोल्लास और पारंपरिक रंगों के बीच किया गया। कार्यक्रम में साहू समाज की महिलाओं सहित हजारों की संख्या में सामाजिक जन शामिल हुए। आयोजन के दौरान छत्तीसगढ़ी संस्कृति, परंपरा, लोकगीत और सामाजिक एकजुटता की शानदार झलक देखने को मिली।

कार्यक्रम का शुभारंभ भक्त माता कर्मा एवं नदिया बैल की विधिवत पूजा-अर्चना के साथ हुआ। इसके बाद विभिन्न सांस्कृतिक एवं पारंपरिक प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें महिलाओं ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया।

डॉ. ममता साहू ने दिया सामाजिक बदलाव का संदेश

तीज मिलन समारोह में छत्तीसगढ़ महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. ममता साहू मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। वहीं पूर्व कैबिनेट मंत्री श्रीमती रामशिला साहू एवं जिला साहू संघ अध्यक्ष नंदलाल साहू विशेष रूप से उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रदेश साहू संघ महिला संयोजिका श्रीमती दिव्या कलिहारी ने की।

विशेष अतिथियों के रूप में प्रदेश साहू संघ महिला प्रकोष्ठ की सह-संयोजिका सुश्री शिल्पा साहू, जिला पंचायत सभापति श्रीमती कल्पना नारद साहू, प्रदेश साहू संघ कार्यकारिणी सदस्य श्रीमती चंद्रिका साहू, जिला साहू संघ उपाध्यक्ष श्रीमती मंजू साहू, जिला साहू संघ महिला संयोजिका श्रीमती ललेश्वरी साहू तथा जनपद सदस्य पाटन श्रीमती दामिनी राकेश साहू मौजूद रहीं।

मुख्य अतिथि डॉ. ममता साहू ने अपने संबोधन में कहा कि समाज को मजबूत और संस्कारवान बनाने के लिए प्रत्येक व्यक्ति की सहभागिता जरूरी है। उन्होंने कहा कि साहू समाज को केवल रोटी-बेटी के संबंधों तक सीमित न रहकर आधुनिक सोच के साथ सामाजिक विकास की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए।

उन्होंने सामाजिक कुरीतियों और अनावश्यक खर्चों को कम करने पर जोर देते हुए कहा कि शादी-विवाह, मृत्यु संस्कार और जन्मोत्सव जैसे आयोजनों में फिजूलखर्ची रोककर शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक मजबूती को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। उन्होंने आदर्श विवाह को प्रोत्साहित करने तथा विवाह समारोहों में उपहारों के अनावश्यक आदान-प्रदान की परंपरा को कम करने की भी अपील की।

99 इकाइयों की सहभागिता ने बढ़ाई आयोजन की भव्यता

तहसील साहू संघ पाटन के अध्यक्ष लालेश्वर साहू ने स्वागत भाषण देते हुए कहा कि पांचों परिक्षेत्र सहित 99 सामाजिक इकाइयों की महिला पदाधिकारियों एवं सामाजिक बहनों के विशेष सहयोग से तीज महोत्सव भव्य रूप ले सका। उन्होंने आयोजन में बड़ी संख्या में शामिल हुए समाज के महिला-पुरुषों के प्रति आभार व्यक्त किया।

उन्होंने कहा कि तीज महोत्सव महज एक धार्मिक या सांस्कृतिक आयोजन नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ी संस्कृति, परंपरा और सामाजिक एकता को मजबूत करने का माध्यम है। ऐसे आयोजनों से महिलाओं को अपनी प्रतिभा और पारंपरिक विरासत को सामने रखने का अवसर मिलता है।

छत्तीसगढ़ी खेल, गीत-संगीत और पारंपरिक व्यंजनों ने बांधा समां

तीज महोत्सव में महिलाओं के लिए विभिन्न आकर्षक प्रतियोगिताओं और कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। छत्तीसगढ़ी पारंपरिक खेल, गीत-संगीत, पारंपरिक व्यंजनों की बगिया और भक्त माता कर्मा की चित्रकला प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने उत्साह के साथ भाग लिया।

प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली प्रतिभागियों को पुरस्कार एवं सम्मान प्रदान किया गया। पारंपरिक वेशभूषा प्रतियोगिता में तेलीगुंडरा परिक्षेत्र की श्रीमती विभा साहू ने प्रथम स्थान प्राप्त कर तीज क्वीन का खिताब हासिल किया, जबकि बेल्हारी परिक्षेत्र की श्रीमती ज्योति साहू ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया। इसके अलावा अन्य तीन प्रतिभागियों को भी तीज क्वीन के रूप में सम्मानित किया गया।

सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने मोहा मन

समारोह के दौरान संजू साहू द्वारा प्रस्तुत छत्तीसगढ़ी सांस्कृतिक कार्यक्रम ने उपस्थित लोगों का मन मोह लिया। लोक संस्कृति और पारंपरिक प्रस्तुतियों पर दर्शकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। पूरे आयोजन स्थल पर तीज के पारंपरिक गीतों और सांस्कृतिक रंगों की छटा नजर आई।

कार्यक्रम को पूर्व कैबिनेट मंत्री श्रीमती रामशिला साहू, प्रदेश महिला संयोजिका श्रीमती दिव्या कलिहारी, सह-संयोजिका सुश्री शिल्पा साहू एवं जिला पंचायत सभापति श्रीमती कल्पना नारद साहू ने भी संबोधित किया।

बड़ी संख्या में सामाजिक पदाधिकारी और सदस्य रहे मौजूद

कार्यक्रम में संरक्षक अश्वनी साहू, कार्यकारिणी अध्यक्ष दिनेश साहू, उपाध्यक्ष डूलेश्वर साहू, श्रीमती विमला साहू, संगठन सचिव सुरेन्द्र साहू, श्रीमती भूनेश्वरी साहू, महासचिव महेंद्र साहू, कोषाध्यक्ष गुमान साहू, महिला संयोजिका श्रीमती कोमिन साहू, अशोक साहू, रामनारायण साहू, श्रीमती गायत्री साहू, पारखत साहू, किशन हिरवानी, छत्रपाल साहू, रविशंकर साहू, छगन साहू, सुखदेव साहू, गंगादीन साहू, नारद साहू, डोमन साहू, कामता साहू, सरजूराम साहू, गरीबदास, डीजेन्द्र साहू, पूरनलाल, कल्याण साहू, योगेश साहू, दिलीप साहू, श्रीमती सुमन साहू, अमृत साहू, शैलेन्द्र साहू, जागेत्री साहू, लता साहू, द्रोपती साहू, देवकुमार साहू, जोगीराम साहू, रामनाथ साहू, बीरेन्द्र साहू, राजू साहू, भुवन साहू, बंटी साहू, तोरण साहू सहित बड़ी संख्या में सामाजिक पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।

कार्यक्रम का संचालन श्रीमती खेमलता साहू ने किया। महिलाओं की उत्साहपूर्ण सहभागिता, पारंपरिक वेशभूषा, छत्तीसगढ़ी गीत-संगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने पूरे तीज मिलन समारोह को यादगार बना दिया।