जिला स्तरीय कला उत्सव 2025: “विकसित भारत” थीम पर चमकी नन्हीं प्रतिभाओं की रौशनी

पेंड्रा/ प्रयास कैवर्त/ स्वामी आत्मानंद शासकीय बहु-उच्च माध्यमिक विद्यालय पेंड्रा के एसेंबली हॉल में शुक्रवार को जिला स्तरीय कला उत्सव 2025 का रंगारंग आयोजन हुआ। “विकसित भारत” थीम पर आधारित इस उत्सव में गौरेला, पेंड्रा और मरवाही विकासखंडों से आए सैकड़ों प्रतिभाशाली विद्यार्थियों ने मंच पर अपनी कला का ऐसा प्रदर्शन किया कि दर्शक मंत्रमुग्ध हो उठे।

 कार्यक्रम का शुभारंभ

समारोह का आगाज मां सरस्वती, छत्तीसगढ़ महतारी एवं भारत माता के छायाचित्र पर दीप प्रज्वलन व माल्यार्पण से हुआ।
मुख्य अतिथि जिला पंचायत उपाध्यक्ष राजा उपेंद्र बहादुर सिंह तथा विशिष्ट अतिथि भाजपा मंडल अध्यक्ष रमेश तिवारी, विद्यालय प्रबंधन समिति अध्यक्ष अजय राय, पूर्व छात्र नेता इंजीनियर सौरभ साहू, विकासखंड शिक्षा अधिकारी एन. सिंह और प्राचार्य एवं जिला नोडल अधिकारी एल.पी. डाहिरे मंच पर उपस्थित रहे।

अतिथियों का संबोधन

विशिष्ट अतिथि रमेश तिवारी ने कहा—
“कला उत्सव विद्यार्थियों की प्रतिभा को निखारने के साथ-साथ सांस्कृतिक विविधता को समझने का अवसर देता है। ऐसे आयोजन निरंतर होते रहना चाहिए।”

 प्रतियोगिता परिणाम

  • संगीत गायन (एकल): हेम कल्याणी (सेजेस सेमरा) – प्रथम
  • संगीत गायन (समूह): नवागांव विद्यालय की टीम – प्रथम
  • वादन (स्वर वाद्य): पवन चक्रधारी (सेजेस सेमरा) – प्रथम
  • वादन (ताल वाद्य): नारायण प्रसाद चौधरी (सेजेस मल्टी पेंड्रा) – प्रथम
  • नृत्य शास्त्रीय (एकल): नरेंद्र प्रजापति (सेजेस मल्टी पेंड्रा) – प्रथम
  • नृत्य समूह: सेजेस मल्टी पेंड्रा की टीम – प्रथम
  • नाटक (समूह): काव्या मौली एवं टीम (सेजेस इंग्लिश पेंड्रा) – प्रथम
  • दृश्य कला (द्विआयामी): माही पैकरा (सेजेस सेमरा) – प्रथम
  • मूर्ति कला (त्रिआयामी): मयंक यादव (टीकरकला) – प्रथम
  • कहानी वाचन (समूह): किशन लाल चक्रधारी एवं ओमकार (सेजेस मल्टी पेंड्रा) – प्रथम

निर्णायक मंडल में टीका दास मरावी, अमित शर्मा, मीनाक्षी केसरवानी और संजय सिंह राजपूत सहित वरिष्ठ शिक्षकों की भूमिका सराहनीय रही।

 मंच संचालन और समापन

मंच संचालन गंगाराम राठौर, अनिल शर्मा और अनामिका मिश्रा ने किया, जबकि परिणाम की घोषणा कमलेश कुमार साहू ने की।
समापन अवसर पर प्राचार्य एवं जिला नोडल अधिकारी एल.पी. डाहिरे ने कहा—
“इस कला उत्सव ने विद्यार्थियों को नई उड़ान दी है। प्रथम स्थान प्राप्त छात्र अब राज्य स्तर पर जिले का नाम रोशन करेंगे।”

यह आयोजन न केवल बच्चों की कला यात्रा का उत्सव बना, बल्कि “विकसित भारत” की झलक भी मंच पर बखूबी दिखी।