VIP रोड पर बेकाबू कार ने ट्रैफिक आरक्षक को मारी टक्कर, ड्रिंक एंड ड्राइव चेकिंग से बचने की कोशिश में हादसा
रायपुर/ राजधानी रायपुर के वीआईपी रोड पर बुधवार की देर रात एक दर्दनाक हादसे ने सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए। ड्रिंक एंड ड्राइव की जांच से बचने के प्रयास में तेज रफ्तार कार चालक ने ट्रैफिक आरक्षक को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में आरक्षक गंभीर रूप से घायल हो गया और उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
चेकिंग प्वाइंट पर हुआ हादसा
तेलीबांधा थाना क्षेत्र के अंतर्गत यह घटना रात करीब 11 बजे के आसपास हुई। पुलिस टीम ड्रिंक एंड ड्राइव की नियमित चेकिंग कर रही थी। तभी सफेद रंग की एक कार (नंबर पुलिस ने गोपनीय रखा है) तेज रफ्तार में आई और रुकने के संकेत को नजरअंदाज करते हुए सीधे बैरिकेड में जा घुसी।
आरक्षक को घसीटते हुए गई कार
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार की रफ्तार इतनी अधिक थी कि उसने बैरिकेड तोड़ते हुए ट्रैफिक आरक्षक हेम कुमार पटेल को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे के दौरान आरक्षक को कार कुछ मीटर तक घसीटती हुई ले गई। सड़क पर गिरने के बाद वे गंभीर रूप से घायल हो गए। बताया गया है कि उनकी एक टांग टूट गई है और वे इस समय निजी अस्पताल में इलाजरत हैं।
कार पलटने से बची बड़ी दुर्घटना
हादसे के कुछ ही सेकंड बाद कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पलट गई। मौके पर मौजूद अन्य पुलिसकर्मियों और राहगीरों ने तुरंत घायलों को कार से बाहर निकाला। घटना की सूचना मिलते ही तेलीबांधा थाना पुलिस और ट्रैफिक विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच गए।
दो युवक हिरासत में, नशे की पुष्टि की जा रही
कार में सवार सिद्धांत दान और आदित्य चौधरी नामक दो युवक भी घायल हुए हैं। दोनों को इलाज के बाद पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि चालक शराब के नशे में था और पुलिस की चेकिंग से बचने के लिए तेजी से भागने की कोशिश कर रहा था।
कार जब्त, पूछताछ जारी
पुलिस ने कार को जब्त कर लिया है और आरोपियों से पूछताछ जारी है। तेलीबांधा थाना प्रभारी ने बताया कि घटना के सभी सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है। फिलहाल आरक्षक की हालत नाजुक बताई जा रही है और पुलिस विभाग ने घटना की विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर ली है।
सड़क सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
इस घटना ने एक बार फिर शहर में नशे में वाहन चलाने वालों की लापरवाही को उजागर कर दिया है। ट्रैफिक पुलिस लगातार अभियान चला रही है, लेकिन ऐसे हादसे बताते हैं कि जागरूकता के साथ सख्त कानून प्रवर्तन की और भी जरूरत है।



