यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता — 35 बसों पर कार्यवाही, ₹90,000 का चालान, “ऑपरेशन सुरक्षा” के तहत की गई स्कूली व ट्रैवलिंग बसों की सघन जांच

दुर्ग/ यात्रियों और स्कूली बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए दुर्ग यातायात पुलिस ने “ऑपरेशन सुरक्षा” अभियान के तहत जिलेभर में विशेष जांच अभियान चलाया। यह अभियान 7 नवम्बर 2025 को आयोजित किया गया, जिसमें यातायात पुलिस की विभिन्न टीमों ने एक साथ जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में बसों की सघन जांच की।

 जांच का उद्देश्य — “सुरक्षा पहले, नियम बाद में”

अभियान का मुख्य उद्देश्य जनसुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देना और यह सुनिश्चित करना था कि सभी स्कूली एवं ट्रैवलिंग बसें निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन करें।

जांच के दौरान बसों में निम्न बिंदुओं की सावधानीपूर्वक जांच की गई ।

  • वाहन का फिटनेस प्रमाणपत्र
  • वैध परमिट और बीमा दस्तावेज
  • फायर सेफ्टी उपकरण एवं फर्स्ट एड बॉक्स की उपलब्धता
  • ओवरलोडिंग की स्थिति
  • आपातकालीन निकास द्वार (Emergency Exit Gate)
  • चालक की अनुशासनात्मक स्थिति और लाइसेंस वैधता

ट्रैवलिंग बसों पर विशेष निगरानी

लंबी दूरी की यात्रा करने वाली ट्रैवलिंग बसों की विशेष रूप से जांच की गई ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि यात्रा के दौरान सभी सुरक्षा मानक लागू हैं।
जिन वाहनों में सुरक्षा नियमों का उल्लंघन पाया गया, उनके विरुद्ध कानूनी चालानी कार्यवाही की गई।

कार्यवाही के दौरान कुल 35 बसों पर चालान किया गया और ₹90,000 की राशि का संकलन किया गया।

 पुलिस का संदेश — “सुरक्षा केवल नियम नहीं, जीवन की जिम्मेदारी है”

यातायात पुलिस ने बताया कि यह अभियान केवल कानूनी कार्रवाई भर नहीं, बल्कि एक मानवीय पहल है, जिसका उद्देश्य लोगों में सड़क सुरक्षा को लेकर जागरूकता बढ़ाना है।
बस संचालकों और चालकों को यह संदेश दिया गया कि —

“सुरक्षा केवल नियमों का पालन नहीं, बल्कि जीवन के प्रति जिम्मेदारी है।”

 यातायात पुलिस की अपील

यातायात पुलिस जिला दुर्ग ने नागरिकों से अपील की है कि —

  • अपने वाहनों की नियमित फिटनेस जांच कराएं।
  • आवश्यक सुरक्षा उपकरण सदैव वाहन में रखें।
  • ओवरलोडिंग जैसी खतरनाक प्रवृत्तियों से बचें।

जनसंदेश

“सड़क पर सुरक्षित रहना केवल एक नियम नहीं, बल्कि हर यात्री का अधिकार और हर चालक की जिम्मेदारी है।”

सभी वाहन चालकों, संचालकों और नागरिकों से आग्रह किया गया है कि वे “ऑपरेशन सुरक्षा” के उद्देश्य को सफल बनाते हुए सुरक्षित, अनुशासित और जिम्मेदार यातायात संस्कृति में अपना योगदान दें।