दुर्ग में विकास कार्यों को गति देने की तैयारी: एमआईसी बैठक में 1.95 करोड़ की प्रकाश व्यवस्था के प्रस्ताव पर चर्चा

 दुर्ग में विकास कार्यों को गति देने की तैयारी: एमआईसी बैठक में 1.95 करोड़ की प्रकाश व्यवस्था के प्रस्ताव पर चर्चा

महापौर अलका बाघमार की अध्यक्षता में हुई बैठक, डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा स्थापना, सड़क-नाला निर्माण और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के मुद्दों पर भी हुआ विचार-विमर्श

दुर्ग, 22 अक्टूबर 2026। नगर पालिक निगम दुर्ग में शहर के विकास कार्यों और नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने के उद्देश्य से गुरुवार को मेयर इन काउंसिल (एमआईसी) की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। महापौर श्रीमती अलका बाघमार की अध्यक्षता एवं निगम आयुक्त लीना कोसम की उपस्थिति में दोपहर 3 बजे डाटा सेंटर में हुई इस बैठक में सड़क, नाला निर्माण, प्रकाश व्यवस्था, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन तथा डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा स्थापना एवं सौंदर्यीकरण सहित विभिन्न विकास कार्यों पर विस्तार से चर्चा की गई।

बैठक में विभिन्न विभागों की ओर से प्रस्तुत प्रस्तावों की समीक्षा की गई तथा आवश्यक निर्णय और स्वीकृति संबंधी प्रक्रियाओं पर विचार-विमर्श किया गया। महापौर अलका बाघमार ने अधिकारियों से विकास कार्यों की प्रगति की जानकारी लेते हुए शहर में मूलभूत सुविधाओं को मजबूत करने और प्राथमिकता के आधार पर कार्यों को आगे बढ़ाने पर जोर दिया।

प्रमुख सड़कों पर प्रकाश व्यवस्था के लिए 1.95 करोड़ का प्रस्ताव

बैठक में विद्युत विभाग ने नगर निगम क्षेत्र की प्रमुख सड़कों पर विद्युत पोल लगाने और प्रकाश व्यवस्था विकसित करने के लिए 15वें वित्त आयोग मद के अंतर्गत 1 करोड़ 95 लाख 84 हजार 720 रुपये का प्राक्कलन प्रस्तुत किया।

इस प्रस्ताव के तहत आवश्यक प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति प्राप्त करने के लिए शासन को प्रस्ताव भेजने पर चर्चा की गई। स्वीकृति मिलने के बाद प्रमुख सड़कों पर प्रकाश व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में कार्य आगे बढ़ाया जा सकेगा।

डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा स्थापना पर चर्चा

उपमुख्यमंत्री एवं नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री की घोषणा के परिपालन में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा स्थापना और सौंदर्यीकरण कार्य के लिए अधोसंरचना मद से 50 लाख रुपये की प्राविधिक स्वीकृति प्रदान की गई है।

बैठक में इस कार्य के लिए स्थल परिवर्तन के प्रस्ताव पर विचार किया गया। प्रस्ताव के अनुसार वार्ड क्रमांक 18 में पुलिस चौकी के सामने स्थित चौक के पास प्रतिमा स्थापित करने और सौंदर्यीकरण कार्य कराने की योजना है।

बिम्लेश्वरी कॉलोनी में नाली निर्माण पर विचार

वार्ड क्रमांक 52 की बिम्लेश्वरी कॉलोनी में नाला निर्माण का विषय भी बैठक में रखा गया। 15वें वित्त आयोग के अनटाइड ग्रांट मद के अंतर्गत इस कार्य के लिए आर्या कंस्ट्रक्शन, दुर्ग को कार्यादेश जारी किया जा चुका है।

वार्ड पार्षद के पत्र के आधार पर प्रस्तावित 4×4 फीट के नाले के स्थान पर 2×2 फीट की नाली बनाने की मांग रखी गई। इस बदलाव से संबंधित प्रस्ताव पर एमआईसी में विचार-विमर्श किया गया।

सीसी सड़क निर्माण के स्थलों में बदलाव का प्रस्ताव

बैठक में 15वें वित्त आयोग के नॉन मिलियन प्लस सिटी अनटाइड ग्रांट मद के अंतर्गत दो सीसी अप्रोच रोड निर्माण कार्यों के स्थल परिवर्तन पर भी चर्चा हुई।

इनमें गणपति विहार से मां कर्मा पीएमएवाई-एएचपी आवास तक सीसी सड़क निर्माण तथा बोरसी बस्ती से गणपति विहार तक सीसी अप्रोच रोड निर्माण के प्रस्ताव शामिल हैं। दोनों कार्यों के प्रस्तावित स्थल वार्ड क्रमांक 53 से बदलकर वार्ड क्रमांक 52 में किए जाने के संबंध में विचार किया गया।

इसके अलावा 15वें वित्त आयोग के अंतर्गत नॉन मिलियन प्लस सिटीज के ठोस अपशिष्ट प्रबंधन मद में वर्ष 2025-26 तक आवंटित राशि से संबंधित विषय भी बैठक के एजेंडे में शामिल रहा।

एमआईसी सदस्य और निगम अधिकारी रहे मौजूद

बैठक में एमआईसी सदस्य देव नारायण चन्द्राकर, नरेंद्र बंजारे, शेखर चन्द्राकर, लीना दिनेश देवांगन, ज्ञानेश्वर ताम्रकर, काशीराम कोसरे, नीलेश अग्रवाल, मनीष साहू, लीलाधर पाल, शिव नायक, श्रीमती शशि साहू एवं श्रीमती हर्षिका संभव जैन उपस्थित रहे।

इसके साथ ही कार्यपालन अभियंता विनीता वर्मा, मोहम्मद सलीम सिद्दीकी, प्रकाश चंद थवानी, सहायक अभियंता संजय ठाकुर, पंकज साहू, दुर्गेश गुप्ता, रेवाराम मनु सहित निगम के अन्य अधिकारी-कर्मचारी भी बैठक में शामिल हुए।

शहर की बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए आयोजित इस बैठक में प्रकाश व्यवस्था, सड़क और नाली निर्माण सहित कई महत्वपूर्ण विकास प्रस्तावों पर चर्चा हुई। प्रस्तावों के क्रियान्वयन की दिशा में आगे की कार्रवाई संबंधित स्वीकृतियों और प्रक्रियाओं के अनुसार की जाएगी।