डड़सेना (सिन्हा) कलार समाज का 50वां स्वर्ण महोत्सव

पारिवारिक मिलन समारोह एवं युवक-युवती परिचय सम्मेलन का भव्य आयोजन

भिलाई-दुर्ग/ छत्तीसगढ़ डड़सेना (सिन्हा) कलार समाज जनकल्याण समिति, भिलाई-दुर्ग द्वारा आयोजित 50वें स्वर्ण महोत्सव पारिवारिक मिलन समारोह एवं युवक-युवती परिचय सम्मेलन का आयोजन गरिमामय एवं भव्य रूप से संपन्न हुआ। इस ऐतिहासिक आयोजन में समाज के साथ-साथ सर्व समाज के गणमान्य नागरिकों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।

मुख्य अतिथि के रूप में सम्मिलित हुए इंद्रजीत सिंह ‘छोटू’

कार्यक्रम में एच.टी.सी. कंपनी के डायरेक्टर एवं सर्व समाज कल्याण समिति के अध्यक्ष इंद्रजीत सिंह ‘छोटू’ विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाते हुए समाज की एकता और सामाजिक समरसता पर अपने विचार रखे।

समाज की एकता और संस्कारों को सशक्त करने वाला आयोजन: इंद्रजीत सिंह

अपने संबोधन में इंद्रजीत सिंह ‘छोटू’ ने कहा कि समाज की एकता, सहभागिता और संस्कारों को सुदृढ़ करने वाला यह आयोजन अत्यंत सराहनीय है। ऐसे कार्यक्रम समाज को जोड़ने के साथ-साथ आने वाली पीढ़ी को सही दिशा देने का कार्य करते हैं।

उन्होंने आयोजन समिति को इस सफल एवं भव्य आयोजन के लिए बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। साथ ही उन्होंने युवक-युवती परिचय सम्मेलन को समाज में योग्य वर-वधु के परिचय हेतु एक सकारात्मक पहल बताया, जो सशक्त, संगठित और संस्कारवान समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

जनप्रतिनिधियों एवं समाज के पदाधिकारियों की रही विशेष उपस्थिति

कार्यक्रम में अनेक विशिष्ट अतिथि एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से—

  • दुर्ग सांसद विजय बघेल
  • भिलाई नगर निगम नेता प्रतिपक्ष भोजराम सिन्हा
  • रिसाली नगर निगम की महापौर शशि सिन्हा
  • समाज अध्यक्ष सुमन सागर सिन्हा
  • महासचिव नवीन सिन्हा
  • कोषाध्यक्ष दानेश्वर डड़सेना

सहित समाज के वरिष्ठ पदाधिकारी एवं गणमान्य नागरिक शामिल रहे।

सर्व समाज कल्याण समिति के पदाधिकारी भी रहे मौजूद

इस अवसर पर सर्व समाज कल्याण समिति के अनेक पदाधिकारी भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे, जिनमें—

मलकीत सिंह, जोगा राव, अनिल चौधरी,
निर्मल सिंह ‘निम्मे’, शाहनवाज़ कुरैशी,
रमन राव, इंद्रजीत सिंह ‘चिंटू’,
वाजिद अंसारी, रमन सारथी,
गुरप्रीत सिंह, पंकज शर्मा एवं सोम सिंह प्रमुख रहे।

बड़ी संख्या में समाजजन, मातृशक्ति और युवाओं की सहभागिता

कार्यक्रम में समाज के वरिष्ठजन, मातृशक्ति और युवा साथियों की बड़ी संख्या में सहभागिता रही। पूरे आयोजन में सामाजिक एकता, पारिवारिक सौहार्द और संस्कारों की सशक्त झलक देखने को मिली।