पाटन: वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने की थाना स्तरीय लंबित मामलों की समीक्षा; 60/90 दिनों में निराकरण अनिवार्य
दुर्ग/ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, जिला दुर्ग, विजय अग्रवाल की अध्यक्षता में आज पाटन अनुविभाग के सभी थाना प्रभारियों एवं विवेचकों की एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में लंबित अपराधों और चालानों की स्थिति-वार समीक्षा की गई तथा आगामी समयावधि में निराकरण की स्पष्ट दिशा निर्देश दी गई।
समीक्षा का प्रमुख फोकस
- प्रत्येक थाना क्षेत्र में लंबित अभियोगों व चालानों की थाना एवं विवेचक स्तर पर केस डायरी की स्थिति का जायजा लिया गया।
- अनिर्णीत मामलों को ६०/९० दिन की समयावधि में निराकरण करना अनिवार्य ठहराया गया।
- यदि आरोपी पकड़ने में अन्य राज्य पुलिस की सहायता की आवश्यकता हो, तो नियमानुसार अनुमति ग्रहण कर वैधानिक प्रक्रिया अपनाने का निर्देश दिया गया।
- गुण्डा-गिरोह निर्माण, हिस्ट्रीशीट बदमाश एवं निगरानी बदमाशों की सतत मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने हेतु थाना/बीट/सब-बीट प्रभारी स्तर पर निरंतर जांच एवं उनकी गतिविधियों व आय स्रोतों की जानकारी एकत्र कराने को कहा गया।
- रिपोर्टकर्ता/फरियादी के आवेदन मिलने पर उसकी त्वरित सुनवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
- सड़क दुर्घटनाओं से बचाव हेतु दोपहिया वाहन चालकों को हेलमेट तथा चारपहािया वाहन चालकों को सीट बेल्ट उपयोग करने की अनिवार्यता का दोहराया गया।
- साथ ही, समस्त पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी नियमित रूप से योग व व्यायाम करें; इससे स्वास्थ्य बेहतर रहेगा और सेवा-प्रदर्शन में सुधार होगा — यह संदेश भी दिया गया।
समीक्षा बैठक में उपस्थित प्रमुख अधिकारी
- एसडीओपी पाटन — अनूप लकड़ा
- थाना प्रभारी, उतई — महेश ध्रुव
- थाना प्रभारी, अमलेश्वर — बसंत बघेल
- थाना प्रभारी, पाटन — अनिल साहू
- थाना प्रभारी, रानीतराई — पुरुषोत्तम कुर्रे
- थाना प्रभारी, जामगांव — फागू राम साहू
- अन्य विवेचक गण



