भिलाई-3 में शिक्षा का मंदिर बना नशे का अड्डा? डॉ. खूबचंद बघेल कॉलेज परिसर में खुलकर हो रही नशाखोरी

 भिलाई-3 में शिक्षा का मंदिर बना नशे का अड्डा? डॉ. खूबचंद बघेल कॉलेज परिसर में खुलकर हो रही नशाखोरी

भिलाई-3 | विशेष रिपोर्ट

भिलाई-3 स्थित डॉ. खूबचंद बघेल कॉलेज इन दिनों गंभीर सवालों के घेरे में है। जिस परिसर में छात्रों के भविष्य का निर्माण होना चाहिए, वहां अब नशाखोरी का माहौल देखने को मिल रहा है। लंबे समय से कॉलेज परिसर में शराबखोरी और नशीले पदार्थों के सेवन की शिकायतें सामने आती रही हैं, लेकिन इसके बावजूद कॉलेज प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नजर नहीं आ रही है।

सबसे बड़ा सवाल: क्या शिक्षा का यह परिसर अब नशे का सुरक्षित अड्डा बन गया है?

स्थानीय लोगों और छात्रों का कहना है कि कॉलेज परिसर के अलग-अलग हिस्सों में अक्सर शराब की खाली बोतलें, नशीले सिरप की शीशियां, चखना के पैकेट, डिस्पोजल ग्लास और पानी की बोतलें बिखरी हुई मिलती हैं। यह नजारा किसी कॉलेज परिसर का नहीं बल्कि किसी नशे के अड्डे का आभास कराता है।

कॉलेज गेट पर नहीं कोई सुरक्षा व्यवस्था

सबसे चिंताजनक बात यह है कि कॉलेज के मुख्य प्रवेश द्वार पर सुरक्षा व्यवस्था लगभग नदारद है। न तो वहां कोई गार्ड तैनात है और न ही आने-जाने वालों से किसी प्रकार की पूछताछ की जाती है। ऐसे में कोई भी व्यक्ति आसानी से कॉलेज परिसर में प्रवेश कर सकता है।

पहले भी हुई शिकायत, फिर भी कार्रवाई नहीं

सूत्रों के मुताबिक, कुछ समय पहले भी कॉलेज परिसर में हो रही नशाखोरी को लेकर शिकायत की गई थी। इसके बावजूद प्रशासन की ओर से न तो निगरानी बढ़ाई गई और न ही किसी प्रकार की सख्ती दिखाई दी।

यदि समय रहते इस पर कार्रवाई नहीं की गई तो आने वाले दिनों में नशे की हालत में किसी बड़ी आपराधिक घटना से भी इंकार नहीं किया जा सकता।

परिसर में मिले ये सामान

  • शराब की खाली बोतलें
  • नशीले सिरप की बोतलें
  • चखना के पैकेट
  • डिस्पोजल ग्लास
  • पानी की खाली बोतलें

प्रदेश और देश में लगातार नशे से जुड़े अपराधों की खबरें सामने आ रही हैं। ऐसे में कॉलेज जैसे शैक्षणिक संस्थान के भीतर इस तरह की गतिविधियां छात्रों की सुरक्षा और भविष्य दोनों के लिए गंभीर खतरा बन सकती हैं।